हिंदू धर्म में अमावस्या तिथि का विशेष महत्व माना जाता है। जब अमावस्या सोमवार के दिन पड़ती है, तब उसे सोमवती अमावस्या कहा जाता है। यह दिन भगवान शिव, माता पार्वती और पितरों की कृपा प्राप्त करने के लिए अत्यंत शुभ माना जाता है। सोमवती अमावस्या पर किए गए स्नान, दान, जप, तप और पूजा का कई गुना अधिक फल प्राप्त होता है।
सोमवती अमावस्या विशेष रूप से विवाहित महिलाओं के लिए सौभाग्यवर्धक मानी जाती है। इस दिन महिलाएं अपने पति की लंबी आयु और सुखी वैवाहिक जीवन के लिए व्रत रखती हैं तथा पीपल वृक्ष की पूजा करती हैं।
सोमवार भगवान शिव को समर्पित होता है और अमावस्या पितरों की तिथि मानी जाती है। इसलिए जब ये दोनों संयोग एक साथ आते हैं, तो इसका आध्यात्मिक महत्व कई गुना बढ़ जाता है।
इस दिन:
ब्रह्म मुहूर्त में उठकर पवित्र नदी, सरोवर या घर में गंगाजल मिलाकर स्नान करें।
शिवलिंग पर जल, दूध, बेलपत्र, धतूरा और अक्षत अर्पित करें।
पितरों की शांति के लिए तिल मिश्रित जल अर्पित करें।
पीपल के वृक्ष पर जल चढ़ाएं, दीपक जलाएं और कच्चा सूत लपेटते हुए 108 परिक्रमा करें।
"ॐ नमः शिवाय" मंत्र का जाप करें।
पौराणिक मान्यता के अनुसार एक निर्धन ब्राह्मण परिवार की कन्या के विवाह में बाधाएं आ रही थीं। एक संत ने बताया कि यदि वह सोमवती अमावस्या का व्रत करे और एक पुण्यात्मा स्त्री का आशीर्वाद प्राप्त करे, तो उसके जीवन की बाधाएं दूर हो जाएंगी।
कन्या ने श्रद्धापूर्वक व्रत किया और आशीर्वाद प्राप्त किया। इसके बाद उसका विवाह सफलतापूर्वक संपन्न हुआ तथा उसके जीवन में सुख-समृद्धि आई। तभी से सोमवती अमावस्या का व्रत सौभाग्य और वैवाहिक सुख के लिए विशेष माना जाता है।
पीपल वृक्ष के नीचे सरसों के तेल का दीपक जलाएं।
काले तिल का दान करें और पितरों को तर्पण दें।
शिव-पार्वती का अभिषेक करें और सुहाग सामग्री का दान करें।
भगवान शिव को बेलपत्र अर्पित कर "ॐ नमः शिवाय" का 108 बार जाप करें।
सोमवती अमावस्या का व्रत विशेष रूप से दांपत्य जीवन की खुशहाली के लिए किया जाता है। विवाहित महिलाएं अपने पति की दीर्घायु और परिवार की सुख-समृद्धि के लिए यह व्रत रखती हैं। अविवाहित युवक-युवतियां भी उत्तम जीवनसाथी की कामना से इस दिन भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा करते हैं।
LagnaVaarta Marathi Matrimony भी ऐसे ही शुभ अवसरों पर परिवारों को योग्य जीवनसाथी खोजने में सहायता करता है, जिससे वैवाहिक जीवन की नई शुरुआत मंगलमय बन सके।